

ऋषिकेश। तीर्थनगरी और इसके आसपास के क्षेत्रों में आवारा पशुओं, विशेषकर सांडों का खौफ कम होने का नाम नहीं ले रहा है। सोमवार को मंसा देवी रेलवे फाटक के पास एक गुस्सैल सांड ने स्कूली छात्राओं से भरे ई-ऑटो को जोरदार टक्कर मार दी। इस हमले में ऑटो सड़क पर पलट गया, जिससे उसमें सवार तीन छात्राएं घायल हो गई हैं।
टक्कर इतनी भीषण कि पलट गया ऑटो
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मंसा देवी फाटक के समीप एक सांड बीच सड़क पर आक्रामक मुद्रा में खड़ा था। जैसे ही स्कूली छात्राओं को लेकर ई-ऑटो वहां से गुजरा, सांड ने उस पर जोरदार हमला कर दिया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ऑटो अनियंत्रित होकर सड़क पर ही पलट गया। मौके पर मौजूद लोगों ने लाठी-डंडों के सहारे बमुश्किल सांड को वहां से खदेड़ा, जिससे एक बड़ा हादसा होने से टल गया।
सीपीयू की तत्परता से समय पर मिला उपचार
घटना की सूचना मिलते ही मौके पर तैनात सीपीयू (CPU) के जवान नीरज पंवार और दयाल सिंह तुरंत सक्रिय हुए। उन्होंने स्थानीय लोगों की मदद से ऑटो में फंसी छात्राओं को बाहर निकाला और बिना देरी किए उन्हें टेंपो के माध्यम से ऋषिकेश एम्स (AIIMS) पहुंचाया।
घायल छात्राओं का विवरण:
- सोना
- काजल
- नितिका
श्यामपुर चौकी प्रभारी सुमित चौधरी ने बताया कि समय पर उपचार मिलने के कारण तीनों छात्राओं की स्थिति अब खतरे से बाहर है।
स्थानीय निवासियों में आक्रोश
घटनास्थल पर मौजूद लोगों ने बताया कि सांड का हमला जानलेवा था। यदि सांड का सींग सीधे किसी छात्रा को लग जाता, तो परिणाम बेहद गंभीर हो सकते थे। स्थानीय निवासियों ने प्रशासन के खिलाफ अपना रोष व्यक्त करते हुए कहा कि सड़कों पर घूम रहे आवारा सांडों के कारण लोग अपनी जान जोखिम में डालकर चलने को मजबूर हैं।
”हम बार-बार प्रशासन से इन आवारा पशुओं को सड़कों से हटाने की मांग कर रहे हैं, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो रही है। आज की घटना ने एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।” — स्थानीय निवासी







