



उत्तराखंड में क्रिसमस और नववर्ष के जश्न को लेकर तैयारियां तेज़ हो गई हैं और इसका असर अब पर्यटन स्थलों पर साफ नजर आने लगा है। खासतौर पर सरोवर नगरी नैनीताल में अभी से सैलानियों का सैलाब उमड़ पड़ा है। एक ओर जहां पर्यटन कारोबार एक बार फिर रफ्तार पकड़ता दिखाई दे रहा है, वहीं दूसरी ओर पर्यटकों की भारी आमद के चलते माल रोड और भवाली रोड जैसे प्रमुख मार्गों पर जाम की समस्या भी सामने आ रही है। तमाम पुलिस व्यवस्थाओं के बावजूद वीकेंड के दौरान पर्यटकों को यातायात जाम से जूझना पड़ा।

सर्दी के मौसम में पर्यटन कारोबार को पर्यटकों से बड़ी उम्मीदें रहती हैं और इसी उम्मीद के साथ शुक्रवार से ही नैनीताल में पर्यटकों की आमद बढ़ने लगी थी। वीकेंड पर बड़ी संख्या में पहुंचे सैलानियों से स्थानीय कारोबारियों में भी खासा उत्साह देखने को मिला। नैनीताल पहुंचे पर्यटकों ने चिड़ियाघर, वॉटरफॉल, केव गार्डन, हिमालय दर्शन और स्नो व्यू जैसे प्रमुख पर्यटन स्थलों का रुख किया, वहीं नैनी झील में नौकायन के लिए भी दिनभर भीड़ जुटी रही।
शाम होते-होते नैनीताल की सुप्रसिद्ध माल रोड पर्यटकों की चहलकदमी से गुलजार नजर आई। हालांकि दोपहर के बाद जैसे-जैसे पर्यटकों की आवाजाही बढ़ी, वैसे-वैसे वाहनों का दबाव भी बढ़ता चला गया। इसके चलते भवाली रोड तक लंबा जाम लग गया, जिसे खुलवाने के लिए पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। जाम की स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने दोपहर बाद शटल सेवा का संचालन भी शुरू किया, ताकि पर्यटकों को राहत मिल सके।
आगामी क्रिसमस और 31 दिसंबर के मद्देनजर नैनीताल पुलिस ने पहले से ही सुरक्षा और यातायात व्यवस्थाओं को मजबूत करना शुरू कर दिया है। वीकेंड को देखते हुए शहर में डायवर्जन प्लान लागू किया गया है, ताकि यातायात सुचारू रूप से संचालित किया जा सके। इसके अलावा सार्वजनिक स्थलों पर सुरक्षा के लिहाज से बीडीएस और डॉग स्क्वॉड की टीमें भी सघन चेकिंग अभियान चला रही हैं।
एसएसपी नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टीसी ने सभी अधीनस्थ अधिकारियों को अपने-अपने थाना क्षेत्रों में स्थित डायवर्जन पॉइंट्स पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात करने और डायवर्जन प्लान का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। वहीं एसपी नैनीताल डॉ. जगदीश चंद्र ने भी थाना प्रभारियों को निर्देशित किया है कि यात्रा डायवर्जन प्लान का प्रभावी क्रियान्वयन किया जाए। साथ ही शहर की परिधि और आउटर एरिया में मौजूद विभिन्न पार्किंग स्थलों की वाहन पार्किंग क्षमता का आकलन कर व्यवस्थाओं को दुरुस्त किया गया है, ताकि आने वाले दिनों में बढ़ने वाली भीड़ को बेहतर ढंग से संभाला जा सके।

