

ऋषिकेश: नगर निगम क्षेत्र के बापूग्राम स्थित भूमियाल देवता मंदिर परिसर में बापूग्राम बचाओ संघर्ष समिति द्वारा आयोजित जनसभा में बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों की भीड़ उमड़ी। जनसभा में बापूग्राम, बीसबीघा, मीरानगर, शिवाजीनगर, गीतानगर, नंदू फार्म, गुमानीवाल और मनसा देवी समेत आसपास के कई इलाकों को राजस्व ग्राम घोषित किए जाने की मांग को लेकर जोरदार आवाज उठाई गई। विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक संगठनों के पदाधिकारियों ने मंच से समिति के आंदोलन को अपना समर्थन देते हुए इसे जनहित से जुड़ा गंभीर मुद्दा बताया।
सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस नेता राजपाल खरोला और जयेंद्र रमोला ने कहा कि वे इस संघर्ष में पूरी मजबूती के साथ क्षेत्रीय जनता के साथ खड़े हैं। उन्होंने ऐलान किया कि आगामी 2 फरवरी को आयोजित होने वाली महारैली में वे हरसंभव सहयोग देंगे। नेताओं ने कहा कि भूमि से जुड़े इस प्रकरण से नगर निगम के करीब 12 वार्ड सीधे तौर पर प्रभावित हो रहे हैं, जिससे हजारों परिवारों के भविष्य पर संकट मंडरा रहा है।
वक्ताओं ने राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा सरकार को इस गंभीर मुद्दे को टालने के बजाय तत्काल संज्ञान लेना चाहिए। इसके लिए आपातकालीन विधानसभा सत्र बुलाकर प्रभावित क्षेत्रों को राजस्व ग्राम घोषित करने का प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा जाना चाहिए, ताकि वर्षों से लंबित इस समस्या का स्थायी समाधान निकल सके।
जनसभा के दौरान संघर्ष समिति के अध्यक्ष रमेश जुगलान ने कहा कि जब तक क्षेत्रवासियों को उनका हक नहीं मिल जाता, आंदोलन शांत नहीं होगा। इस मौके पर पार्षद अनिल रावत, पार्षद मुस्कान चौधरी, छात्रसंघ अध्यक्ष मयंक भट्ट, राजेंद्र प्रेम बिष्ट, राजेश कोठियाल, गुरुविंदर सिंह, अमन नेगी सहित कई अन्य जनप्रतिनिधि और सामाजिक कार्यकर्ता मौजूद रहे। जनसभा में मौजूद लोगों ने एक स्वर में अपने अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया।







