



उत्तराखंड के भीमताल–हल्द्वानी मार्ग पर रविवार को एक दर्दनाक सड़क हादसा उस वक्त हो गया, जब गाजियाबाद से घूमने आए छात्रों से भरा टेंपो ट्रैवलर अनियंत्रित होकर गहरी खाई में जा गिरा। हादसा भीमताल से करीब चार किलोमीटर आगे बोहराकून क्षेत्र के पास हुआ। वाहन सड़क से फिसलकर लगभग 50 फीट नीचे खाई में गिर गया, लेकिन सौभाग्य से वह रास्ते में पेड़ों में अटक गया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। इसके बावजूद वाहन में सवार छात्रों में चीख-पुकार मच गई और कई छात्र गंभीर रूप से घायल हो गए।
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और पुलिस के साथ मिलकर रेस्क्यू अभियान शुरू किया। खाई में गिरे वाहन से छात्रों को बाहर निकालकर तुरंत भीमताल अस्पताल पहुंचाया गया। वाहन में कुल 26 लोग सवार थे, जिनमें से 18 छात्र घायल हो गए, जबकि चार छात्रों की हालत गंभीर बताई जा रही है। प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर रूप से घायल छात्रों को बेहतर इलाज के लिए एसटीएच हल्द्वानी रेफर किया गया।

पुलिस के मुताबिक, गाजियाबाद के वैशाली स्थित एक कोचिंग संस्थान के करीब 80 छात्र और स्टाफ तीन टेंपो ट्रैवलरों में भीमताल और आसपास के इलाकों की सैर पर आए थे। सभी वाहन एक साथ गाजियाबाद लौट रहे थे। इसी दौरान सामने से आ रही एक कार को बचाने के प्रयास में दूसरे नंबर पर चल रहा टेंपो ट्रैवलर सड़क के किनारे से फिसल गया और सीधे खाई में जा गिरा। हादसा होते ही मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
घटना के बाद छात्रों और शिक्षकों में गहरा डर साफ नजर आया। कई छात्र सहमे हुए थे, वहीं घायल बच्चों को देखकर कुछ शिक्षकों की आंखें भर आईं। वाहन चालक ने बताया कि पास देने के दौरान संतुलन बिगड़ने से टायर सड़क से नीचे उतर गया, जिसके बाद वाहन को संभालना मुश्किल हो गया। शिक्षकों का कहना है कि जिस स्थान पर हादसा हुआ, वहां क्रैश बैरियर जैसी सुरक्षा व्यवस्था नहीं थी, जिससे दुर्घटना की आशंका और बढ़ गई।
यह हादसा एक बार फिर पहाड़ी सड़कों पर सुरक्षा इंतजामों की कमी और सावधानी बरतने की जरूरत को उजागर करता है, जहां जरा-सी चूक भी बड़ी अनहोनी में बदल सकती है।

