




हरिद्वार। भारत सरकार के पेयजल एवं स्वच्छता विभाग तथा आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय के निर्देशों के तहत जनपद हरिद्वार में 17 सितम्बर से 02 अक्टूबर 2026 तक “स्वच्छता ही सेवा–2026 (SHS-2026)” अभियान का आयोजन किया जाएगा। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देशानुसार जनपद के सभी नगर निकायों, ग्राम पंचायतों, शासकीय कार्यालयों, शिक्षण संस्थानों, धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों पर स्वच्छता व जनजागरूकता से जुड़ी विविध गतिविधियाँ आयोजित की जाएंगी।
इस वर्ष अभियान की मुख्य थीम “स्वच्छता में सहभागिता, स्वच्छ भारत, विकसित भारत” तय की गई है।
चरणबद्ध कार्यक्रम एवं गतिविधियाँ
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प्रथम चरण (विद्यालयी कार्यक्रम): विद्यालयों व महाविद्यालयों में स्वच्छता शपथ, जागरूकता रैली, चित्रकला, वाद-विवाद, निबंध प्रतियोगिताएँ और ठोस अपशिष्ट प्रबंधन (SWM) नियम-2026 पर कार्यशालाएँ आयोजित होंगी। विद्यार्थियों को जल संरक्षण, कचरा पृथक्करण तथा 3R (रिफ्यूज, रीयूज़, रीसाइकिल) का पाठ पढ़ाया जाएगा।
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जन-जागरूकता एवं जनभागीदारी (23 से 26 सितम्बर): घर-घर जाकर गीले व सूखे कचरे के पृथक्करण, डोर-टू-डोर कलेक्शन, सिंगल यूज़ प्लास्टिक उन्मूलन और कम्पोस्ट निर्माण पर जोर दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त “कूड़े से कला” प्रतियोगिता, प्लास्टिक रीसाइक्लिंग मेला तथा लेगेसी वेस्ट के निस्तारण की गतिविधियाँ होंगी।
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विशेष स्वच्छता व सफाई मित्र कल्याण (27 से 30 सितम्बर): धार्मिक व पर्यटन स्थलों, नदी घाटों, बस अड्डों और अस्पतालों में विशेष सफाई अभियान चलेगा। साथ ही, सफाई मित्रों के लिए सम्मान शिविर, स्वास्थ्य परीक्षण, सुरक्षा उपकरण वितरण तथा स्वच्छता संवाद आयोजित किए जाएंगे।
- गांधी जयंती समापन (02 अक्टूबर): जनपदभर में सामूहिक श्रमदान, “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान के तहत पौधारोपण तथा ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष ग्राम सभाओं के जरिए स्वच्छता का संदेश जन-जन तक पहुँचाया जाएगा।
जिला प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को निर्देशित किया है कि अभियान की प्रत्येक गतिविधि का व्यापक प्रचार-प्रसार करें और संबंधित फोटो व रिपोर्ट समयबद्ध रूप से ‘स्वच्छता ही सेवा’ पोर्टल पर अपलोड करना सुनिश्चित करें।

