ऋषिकेश: आगामी कांवड़ यात्रा को सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित बनाने के लिए प्रशासन ने अपनी तैयारियाँ तेज कर दी हैं। जिलाधिकारी (डीएम) आशीष चौहान ने ऋषिकेश क्षेत्र में कांवड़ यात्रा मार्ग और प्रमुख पड़ावों का स्थल निरीक्षण किया और अधिकारियों के साथ व्यवस्थाओं की समीक्षा की। डीएम ने सख्त लहजे में निर्देश दिए कि मेले से जुड़ी सभी प्राथमिक तैयारियाँ 25 जुलाई तक हर हाल में पूरी कर ली जाएँ। उन्होंने स्पष्ट किया कि कांवड़ मेले के दौरान काम में किसी भी स्तर की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
आईडीपीएल मैदान में श्रद्धालुओं के ठहराव व सुरक्षा पर जोर
निरीक्षण के दौरान डीएम ने आईडीपीएल मैदान में श्रद्धालुओं के ठहरने की जगह, रोशनी (लाइटिंग), वाहनों की पार्किंग, पेयजल और शौचालयों की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। परिसर में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने के लिए पूरे क्षेत्र में सीसीटीवी कैमरे लगाने और एक समर्पित कंट्रोल रूम स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं। नगर निगम को मैदान को इस तरह से समतल और तैयार करने को कहा गया है ताकि बारिश के दौरान जलभराव न हो और वाहन न फँसें।
सड़क, घाट और नागरिक सुविधाओं से जुड़े प्रमुख निर्देश
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सड़क और रोशनी: एनएच (NH) और पीडब्ल्यूडी (PWD) को कांवड़ मार्ग की सड़कों का पैचवर्क पूरा करने, गड्ढामुक्त सड़क सुनिश्चित करने, पुलों की क्षतिग्रस्त रेलिंग सुधारने और स्ट्रीट लाइटों को दुरुस्त करने के आदेश दिए गए।
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गंगा घाटों पर सुरक्षा: सिंचाई विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि गंगा घाटों पर श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए मजबूत सुरक्षा चेन लगाई जाए और घाटों पर स्वच्छता का विशेष ध्यान रखा जाए।
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स्वास्थ्य एवं स्वच्छता: स्वास्थ्य विभाग को कांवड़ मार्ग पर पर्याप्त मेडिकल कैंप, प्राथमिक उपचार सुविधा और डॉक्टरों की टीमें तैनात करने को कहा गया है। वहीं, डेंगू की रोकथाम के लिए नगर निगम को नियमित फॉगिंग और दवा छिड़काव का काम सौंपा गया है।
अवैध ढाबों पर कसने लगा शिकंजा, रेट लिस्ट लगाना अनिवार्य
खाद्य सुरक्षा विभाग और जिला पूर्ति अधिकारी को सख्त निर्देश जारी किए गए हैं कि वे कांवड़ मार्ग पर स्थित होटल और ढाबों की नियमित खाद्य जाँच करें।
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सभी दुकानों, होटलों और ढाबों पर रेट लिस्ट अनिवार्य रूप से प्रदर्शित करनी होगी।
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ओवररेटिंग करने वालों या घटिया सामान बेचने वालों के खिलाफ तत्काल चालान और दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
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अवैध दुकानों और फर्जी नाम से संचालित ढाबों के खिलाफ भी कठोर कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं।
4 जोन और 13 सेक्टरों में बँटा पूरा क्षेत्र
डीएम आशीष चौहान ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दौरान कानून-व्यवस्था और यातायात प्रबंधन को दुरुस्त रखने के लिए पूरे क्षेत्र को 4 जोन और 13 सेक्टरों में विभाजित किया गया है। हर सेक्टर और जोन में जिम्मेदार अधिकारियों की तैनाती की जा रही है ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।

