ऋषिकेश। तीर्थनगरी के चंद्रेश्वर नगर क्षेत्र में होटल संचालकों द्वारा की जा रही अवैध पार्किंग का मुद्दा अब गरमाने लगा है। शनिवार को चंद्रेश्वर नगर के स्थानीय निवासियों ने एक होटल संचालक द्वारा सड़क पर अवैध रूप से वाहन खड़े किए जाने के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। भारी संख्या में स्थानीय लोग कोतवाली पहुंचे और पुलिस को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की।
दुकानदार और स्थानीय निवासी थे परेशान
राघव झा के नेतृत्व में कोतवाली पहुंचे क्षेत्रवासियों ने कोतवाल कैलाश चंद्र भट्ट से मुलाकात की। ग्रामीणों और स्थानीय व्यापारियों का आरोप है कि होटल संचालक द्वारा निर्धारित पार्किंग के बजाय सड़क पर ही ग्राहकों के वाहन खड़े करवाए जा रहे थे। इस अवैध पार्किंग के कारण न केवल मार्ग अवरुद्ध हो रहा था, बल्कि स्थानीय दुकानदारों के व्यापार पर भी इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा था। लोगों को आने-जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए कोतवाल कैलाश चंद्र भट्ट ने तत्काल एक पुलिस टीम को मौके पर भेजा। पुलिस की जांच में स्थानीय लोगों की शिकायत सही पाई गई। पुलिस टीम ने मौके पर ही पाया कि होटल के वाहनों की वजह से सार्वजनिक मार्ग बाधित हो रहा था।
संचालक ने लिखित में दी माफी


पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए होटल संचालक को कड़ी हिदायत दी कि भविष्य में होटल आने वाले ग्राहकों के वाहन केवल निर्धारित पार्किंग स्थल पर ही खड़े किए जाएं। पुलिस की सख्ती के बाद होटल संचालक ने अपनी गलती स्वीकार कर ली।
कोतवाल कैलाश चंद्र भट्ट ने बताया:
“होटल संचालक ने लिखित में अपनी गलती स्वीकार करते हुए पुलिस से माफी मांगी है। उन्होंने आश्वासन दिया है कि भविष्य में यातायात नियमों का पालन किया जाएगा और अवैध पार्किंग नहीं होगी। यदि दोबारा ऐसी शिकायत मिलती है, तो संचालक के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।”
इस कार्रवाई के बाद स्थानीय निवासियों और व्यापारियों ने पुलिस प्रशासन का आभार व्यक्त किया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि क्षेत्र में व्यवस्थाएं सुचारू रहेंगी, तभी पर्यटन और स्थानीय व्यापार दोनों को बढ़ावा मिलेगा।

