केदारनाथ। विश्व प्रसिद्ध ग्यारहवें ज्योतिर्लिंग भगवान केदारनाथ धाम के कपाट आज सुबह आठ बजे ग्रीष्मकाल के लिए खोल दिए गए। शुभ मुहूर्त में पूरी विधि-विधान और वैदिक मंत्रोच्चार के साथ मंदिर के द्वार खुलते ही पूरा परिसर ‘हर-हर महादेव’ और ‘जय बाबा केदार’ के जयघोषों से गुंजायमान हो उठा।

हजारों श्रद्धालु बने साक्षी कपाट खुलने के इस अलौकिक और पावन क्षण का साक्षी बनने के लिए देश-विदेश से हजारों की संख्या में श्रद्धालु धाम पहुंचे थे। कपाट खुलने से पूर्व मंदिर को भव्य रूप से फूलों से सजाया गया था। कड़ाके की ठंड के बावजूद भक्तों का उत्साह चरम पर रहा और जैसे ही मंदिर के द्वार खुले, श्रद्धालुओं ने बाबा के दर्शन कर पुण्य लाभ कमाया।
मुख्यमंत्री ने की प्रदेश की सुख-समृद्धि की कामना उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपनी पत्नी के साथ केदारनाथ धाम पहुंचकर प्रथम पूजा-अर्चना में भाग लिया। इस दौरान उन्होंने बाबा केदार का आशीर्वाद लिया और प्रदेशवासियों की सुख, शांति व समृद्धि की मंगल कामना की। मुख्यमंत्री ने श्रद्धालुओं का स्वागत करते हुए कहा कि राज्य सरकार चारधाम यात्रा को सुगम और सुरक्षित बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
भक्तिमय हुआ वातावरण मंदिर परिसर में सेना के बैंड की मधुर धुन और स्थानीय लोक गीतों ने वातावरण को पूरी तरह भक्तिमय बना दिया। कपाट खुलने के साथ ही अब अगले छह माह तक बाबा केदार की पूजा-अर्चना मुख्य धाम में ही संपन्न होगी। प्रशासन द्वारा यात्रियों की भारी भीड़ को देखते हुए सुरक्षा और सुविधाओं के कड़े इंतजाम किए गए हैं।