ऋषिकेश। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) ऋषिकेश अपने छठे दीक्षांत समारोह की मेजबानी के लिए पूरी तरह तैयार है। आगामी 23 अप्रैल को आयोजित होने वाले इस गरिमामयी समारोह में भारत के उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे। उपराष्ट्रपति के हाई-प्रोफाइल दौरे को देखते हुए ऋषिकेश प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह से अलर्ट मोड पर आ गई हैं।
सुरक्षा घेरे में एम्स परिसर, सेना के हेलीकॉप्टर का ट्रायल
उपराष्ट्रपति की सुरक्षा और सुगम आगमन सुनिश्चित करने के लिए सोमवार को एम्स स्थित हेलीपैड पर भारतीय सेना के MI-17 हेलीकॉप्टर का रिहर्सल किया गया। सुरक्षा एजेंसियों की देखरेख में हेलीकॉप्टर ने सुरक्षित लैंडिंग और टेक-ऑफ का सफल ट्रायल पूरा किया। इस दौरान ‘मिनट-टू-मिनट’ प्रोटोकॉल का पालन करते हुए पूरे रूट का अभ्यास किया गया।
त्रिस्तरीय सुरक्षा घेरा और ‘जीरो टॉलरेंस’
उपराष्ट्रपति के आगमन से पूर्व ही विभिन्न केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों और स्थानीय पुलिस ने एम्स परिसर को अपने सुरक्षा घेरे में ले लिया है। प्रशासन द्वारा सुरक्षा के कड़े मापदंड तय किए गए हैं:
- सख्त प्रवेश नियम: कार्यक्रम स्थल (ऑडिटोरियम) में केवल उन्हीं व्यक्तियों को प्रवेश की अनुमति होगी, जिनके पास वैध पास या आधिकारिक अनुमति पत्र होगा।
- रूट का निरीक्षण: हेलीपैड से लेकर मुख्य कार्यक्रम स्थल तक के रास्तों का सुरक्षा एजेंसियों द्वारा गहन निरीक्षण किया गया है।
- समन्वय बैठक: एम्स प्रशासन और सुरक्षा अधिकारियों के बीच हुई उच्चस्तरीय बैठक में बैठने की व्यवस्था, आपातकालीन निकास और चिकित्सा आपात स्थिति जैसे बिंदुओं पर विस्तृत योजना तैयार की गई है।
हाई अलर्ट पर क्षेत्र
समारोह की महत्ता को देखते हुए पूरे क्षेत्र को हाई अलर्ट पर रखा गया है। एम्स प्रशासन का दावा है कि उपराष्ट्रपति के स्वागत और दीक्षांत समारोह के सफल आयोजन के लिए सभी तकनीकी और प्रशासनिक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। 23 अप्रैल को होने वाले इस कार्यक्रम में कई गणमान्य व्यक्तियों और चिकित्सा जगत की हस्तियों के शामिल होने की संभावना है।

