ऋषिकेश:
गंगा घाटी क्षेत्र के विकास को नई गति देते हुए सिंगटाली में बहुप्रतीक्षित सिंगटाली मोटर पुल तथा ढांगूगढ़ से सिंगटाली मोटर पुल तक एप्रोच रोड का विधिवत भूमि पूजन संपन्न हुआ। वर्ष 2006 से इस पुल की राह देख रहे स्थानीय लोगों के लिए यह क्षण बेहद भावुक और ऐतिहासिक रहा। पुल निर्माण की शुरुआत की खबर से पूरे गढ़वाल क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई है। कार्यक्रम में 500 से अधिक स्थानीय ग्रामीण इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बने।
विकास और रोजगार का बनेगा आधार: विधायक रेणु बिष्ट
भूमि पूजन के दौरान क्षेत्रीय विधायक रेणु बिष्ट ने कहा कि सिंगटाली मोटर पुल आने वाले समय में गंगा घाटी की रीढ़ साबित होगा। उन्होंने बताया कि इस पुल के निर्माण से क्षेत्र में पर्यटन की अपार संभावनाएं पैदा होंगी।
“पुल बनने के बाद आसपास के क्षेत्रों में होटल, रिसॉर्ट, एडवेंचर कैंप और होम-स्टे का तेजी से विकास होगा। इससे स्थानीय युवाओं को अपने ही गांव और क्षेत्र में स्वरोजगार के नए अवसर मिलेंगे, जिससे क्षेत्र से हो रहे पलायन पर प्रभावी रोक लगेगी।”
— रेणु बिष्ट, क्षेत्रीय विधायक
विधायक ने कार्यक्रम में मौजूद लोक निर्माण विभाग (PWD) के अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार की कोताही या देरी न बरती जाए और इसे निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा किया जाए।
परियोजना की मुख्य बातें
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लक्ष्य तिथि: पुल का निर्माण 31 अक्तूबर 2028 तक पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
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अतिरिक्त घोषणा: विधायक ने कौड़ियाला-ब्यासघाट मोटरमार्ग के चौड़ीकरण का भी स्थानीय जनता को आश्वासन दिया।
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18 साल का इंतजार: सिंगटाली मोटर पुल संघर्ष समिति के अध्यक्ष उदय सिंह नेगी के अनुसार, क्षेत्रवासी 2006 से इस पुल के निर्माण की मांग कर रहे थे।
संघर्ष समिति ने जताया आभार
सिंगटाली मोटर पुल संघर्ष समिति के अध्यक्ष उदय सिंह नेगी ने अपने संबोधन में कहा कि वर्ष 2006 से जारी संघर्ष और उम्मीद आज धरातल पर उतरती दिख रही है। यह पूरा अवसर गढ़वाल क्षेत्र के इतिहास में एक मील का पत्थर है। उन्होंने स्थानीय जनता की मांग को मुख्यमंत्री तक मजबूती से पहुंचाने और इस दिशा में सार्थक प्रयास करने के लिए क्षेत्रीय विधायक का आभार प्रकट किया।

