




देहरादून: मुख्यमंत्री उत्तराखंड के “ड्रग्स फ्री देवभूमि” विजन को साकार करने की दिशा में दून पुलिस ने नशा मुक्ति अभियान को और तेज कर दिया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) देहरादून के निर्देशों पर चलाए जा रहे ‘ड्रग्स फ्री कैम्पस’ अभियान के तहत मंगलवार (1 सितम्बर) को थाना सेलाकुई क्षेत्र अंतर्गत माया देवी यूनिवर्सिटी में पुलिस और डॉक्टरों की संयुक्त टीम ने बिना किसी पूर्व सूचना के औचक निरीक्षण किया।

निरीक्षण के दौरान संस्थान में अध्ययनरत 47 छात्र-छात्राओं को रैंडमली चुनकर ड्रग्स टेस्ट किट के माध्यम से उनका यूरिन टेस्ट कराया गया। पुलिस की इस सतर्कता और त्वरित जांच प्रणाली के बाद राहत की बात यह रही कि सभी 47 विद्यार्थियों की टेस्ट रिपोर्ट नेगेटिव आई।

जांच के साथ-साथ पुलिस अधिकारियों ने कैम्पस में मौजूद अन्य छात्र-छात्राओं को नशे के गंभीर दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया और उनसे जीवन में कभी भी नशे के रास्ते पर न चलने की अपील की। कार्यक्रम के दौरान स्थानीय तथा अन्य राज्यों से आकर पढ़ाई कर रहे युवाओं ने दून पुलिस की इस पहल का स्वागत करते हुए कार्यवाही की सराहना की।

कड़ी चेतावनी: दून पुलिस ने नशीले पदार्थों के सेवन या व्यापार में संलिप्त लोगों को स्पष्ट संदेश दिया है कि यदि कोई भी छात्र-छात्रा किसी भी प्रकार का नशा करता या सप्लाई करता पाया जाता है, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्यवाही की जाएगी। साथ ही, यदि मामले में किसी शिक्षण संस्थान की लापरवाही या संलिप्तता सामने आती है, तो संबंधित संस्थान के विरुद्ध भी कठोर कदम उठाए जाएंगे।

