उत्तराखंड में चुनाव आयोग के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के पहले चरण के पूरा होने के बाद मंगलवार को मतदाता सूची का ड्राफ्ट जारी कर दिया गया है। इस नए ड्राफ्ट के अनुसार, प्रदेश भर में 8.26 लाख मतदाताओं के नाम सूची से हटा दिए गए हैं। हटाए गए नामों में ऐसे लोग शामिल हैं जो या तो अनुपस्थित थे, मृत हैं, दूसरी जगह शिफ्ट हो चुके हैं या जिनके नाम दोहरी श्रेणी में दर्ज थे।
इसके साथ ही, राज्य के 19.04 लाख मतदाताओं के एसआईआर प्रपत्र (फॉर्म) में गंभीर विसंगतियां (कमियां) पाई गई हैं। इन सभी विसंगतियों को दूर करने के लिए चुनाव आयोग आगामी 25 जुलाई से संबंधित वोटरों को नोटिस जारी करने जा रहा है।
देहरादून में आयोजित एक प्रेस वार्ता में अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी विजय कुमार जोगदंडे ने इस पूरे मामले की आधिकारिक जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जिन 19 लाख से अधिक मतदाताओं के फॉर्म में कमियां मिली हैं, उनके नोटिस और आपत्तियों का निपटारा करने के लिए 11 सितंबर तक का समय तय किया गया है।
अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी के मुताबिक, ग्रामीण क्षेत्रों के मतदाताओं की सहूलियत के लिए इन मामलों की सुनवाई न्याय पंचायत स्तर पर की जाएगी, ताकि लोग आसानी से अपनी आपत्तियों का निस्तारण करवा सकें।

